followers

रविवार, 13 फ़रवरी 2011

बसंत क्या आया .....


बसंत क्या आया ...
बागों में फूल खिले
भौरों ने कर ली उनसे दोस्ती
जी भरकर मधु बनाने लगे //

बसंत क्या आया ...
बागों में मंजर लदे
कोयल ने कर ली उनसे दोस्ती
जी भर कर कूकने लगी //

बसंत आया है प्रिय!
हम क्यों बैठे है चुपचाप
आओ हम भी कर ले दोस्ती
और कर ले जी भरकर प्यार //

19 टिप्‍पणियां:

  1. वसन्त आया ही नहीं अपने साथ प्रेम दिवस भी लाया है!

    जवाब देंहटाएं
  2. बसंत आया है प्रिय!
    हम क्यों बैठे है चुपचाप
    आओ हम भी कर ले दोस्ती
    और कर ले जी भरकर प्यार /

    बहुत सुन्दर...मौसम भी है दस्तूर भी है..

    जवाब देंहटाएं
  3. बसंत आया तो भवरे गुनगुनाने लगे
    मनकी धरा पर प्रितके फुल खिलखिलाने लगे
    आ प्रिय आ जरा मनको भी तरल करले
    हम बसंत की राग रागिनीओ को गले लगाने लगे ...

    जवाब देंहटाएं
  4. जिस प्रकार फ़्रांस में वेलंटाइन डे है उसी तरह य बसंत पर्व है I बसंत का आगमन से सम्पूर्ण वातावरण में भीनी भीनी खुशबू, पीले पीले पल्लव, खिलखिलाता उत्स्सव स माहोल जब प्रक्रति ने दिया है तो हम सब क्यों न प्रेमौल्लास और उमंगो में नाचे, गायें और मस्त होकर जियें और औरों को भी प्रेरित करेंI

    जवाब देंहटाएं
  5. वाह आज के दिन की मनमोहक कविता बेहद भायी।

    जवाब देंहटाएं
  6. आपकी रचना के साथ आपको भी बसंत की शुभकामनाए।

    जवाब देंहटाएं
  7. सच बबन भाई !!आपकी कविता पढ़कर बसंत के आगमन का एहसास हो गया ..प्रेमौल्लास और उमंगो का मौसम ......बहुत सुन्दर कविता !!

    जवाब देंहटाएं
  8. आपको भी बसंत की शुभकामनाए!

    जवाब देंहटाएं
  9. Oh !!!!! bahut hi sundar .... man ko chhoo lene wali .....

    जवाब देंहटाएं
  10. आपको भी बसंत की शुभकामनाए......बहुत सुन्दर कविता...

    जवाब देंहटाएं
  11. basant ka mausam sab ka sarvpriy hai---kudrat ek badlab se doosre badlaab ki taraf kitni khoobsoorti se jaati hai--insaano ko to jhatke dene ki aadat hai --kudrat har pal sikha rahi hai lekin dimag ki aankhe kaun khile

    जवाब देंहटाएं
  12. अति सुन्दर रचना है भाई मज़ा आ गया

    जवाब देंहटाएं
  13. आया वसंत...बहुत ही सुन्दर रचना!

    जवाब देंहटाएं
  14. आओ हम भी कर ले दोस्ती
    और कर ले जी भरकर प्यार

    जवाब देंहटाएं

मेरे बारे में