मेरे पड़ोस में रहते हैं -रावण सिंह
वे रामायण के रावण जैसे नहीं दिखते//
वे इन्कम-टैक्स भरते है
वे होल्डिंग टैक्स भरते हैं
वे वेल्थ -टैक्स भरते है
उनकी मूछें नहीं है
न ही खुटीदार दाढ़ी
नेता /पुलिस से उनकी छनती है
लोग दबी ज़वान से कहते है
उनके यहाँ हर किस्म की वाईन मिलती है //
वे मिलनसार हैं
फिर भी , पता नहीं क्यों
आम लोग उनसे डरते हैं//
अरे! एक बात तो भूल ही गया
वे सीता-हरण नहीं करते
बल्कि ,रोज नई -नई सीता
खुद ही चलकर
आती है उनके घर //
वे रामायण के रावण जैसे नहीं दिखते//
वे इन्कम-टैक्स भरते है
वे होल्डिंग टैक्स भरते हैं
वे वेल्थ -टैक्स भरते है
उनकी मूछें नहीं है
न ही खुटीदार दाढ़ी
नेता /पुलिस से उनकी छनती है
लोग दबी ज़वान से कहते है
उनके यहाँ हर किस्म की वाईन मिलती है //
वे मिलनसार हैं
फिर भी , पता नहीं क्यों
आम लोग उनसे डरते हैं//
अरे! एक बात तो भूल ही गया
वे सीता-हरण नहीं करते
बल्कि ,रोज नई -नई सीता
खुद ही चलकर
आती है उनके घर //






